जूम मीटिंग और वेबिनार को मिलेगा पासवर्ड प्रोटेक्शन, 9 मई से फ्री और 30 मई से एजुकेशन और इंटरप्राइस अकाउंट पर लागू होगी सुविधा

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  • जूम के फ्री वर्जन में 100 और पेड वर्जन में 500 प्रतिभागी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर सकते हैं।
  • कंपनी ऐप को सुरक्षित बनाने के लिए इन्क्रिप्शन स्टैंडर्ड में भी बदलाव कर रही है।

दैनिक भास्कर

May 06, 2020, 06:17 PM IST

नई दिल्ली. विवादित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग ऐप सूरक्षा को लेकर सख्त होती दिखाई दे रही है। कंपनी ने कहा कि अब जूम मीटिंग या वेबिनार जिसमें पहले से शेड्यूल इवेंट भी शामिल हैं में जल्द ही बाय डिफॉल्ट पासवर्ड प्रोटेक्शन मिलेगा, जिससे जूम बॉबिंग के बढ़ते खतरे पर नजर रखने में मदद मिलेगी। यह सुविधा 9 मई से फ्री और बेसिक अकाउंट और 30 मई से प्रो, एपीआई, बिजनेस, एजुकेशन और इंटरप्राइस अकाउंट पर लागू हो जाएगी।

यह फीचर नए जूम अपडेट 5.0 का ही हिस्सा

  • कंपनी 30 मई से ऐप में AES 256-bit GCM इन्क्रिप्शन भी लागू करने जा रही है। कंपनी का दावा है कि इससे ऐप पहले से ज्यादा प्राइवेट और सुरक्षित हो जाएगी। यह दोनों ही अपडेट ऐप के बड़े और अधिक व्यापक जूम 5.0 अपडेट का हिस्सा है। जूम का कहना है कि ये उनकी 90 दिनों की प्लानिंग का महत्वपूर्ण हिस्सा है जिसमें जो प्लेटफार्म की सुरक्षा और गोपनिया क्षमता को पहचाने, पता लगाने और सुरक्षित करने के लिए है। कंपनी ने जूम 5.0 अपडेट के कुछ फीचर को रोलआउट करना शुरू कर दिया है, वहीं मई तक पूरा अपडेट छोड़ने की भी उम्मीद है।
  • जूम काफी यूजर्स के लिए डिफॉल्ट पासवर्ड इनेबल कर चुका है, जो यह स्पष्ट रूप से यह दर्शाता है कि अभी सभी जूम मीटिंग के लिए पासवर्ड अनिवार्य होगा। हालांकि मई के अंत में सभी के लिए लागू हो जाएगा। पासवर्ड प्रोटेक्शन न होने से इस बात की संभावना ज्यादा रहती है कि जूम मीटिंग हैक हो जाए सकती है क्योंकि हैकर्स किसी भी समय इसमें घात लगा सकते हैं।

आईडी ड़ालने पर हमेशा पासवर्ड भरना होगा
बाय डिफॉल्ट जूम ने पासवर्ड को मीटिंग और वेबिनार लिंक में जोड़ रखा है। यदि प्रतिभागी इस लिंक पर क्लिक करता है तो उसे इसमें शामिल होने के लिए पासवर्ड डालने की जरूरत नहीं पड़ेगी लेकिन अगर यूजर मैनुअल मीटिंग या वेबिनार आईडी दर्ज करता है तो उसे हमेसा पासवर्ड डालना पड़ेगा।

इन्क्रिप्शन स्टैंडर्ड को बेहतर किया जा रहा
एक और अन्य बदलाव जो ऐप में किया जा रहा है वो यह कि जूम के इन्क्रिप्शन को बढ़ाया जा रहा है। जूम इन्क्रिप्शन को स्टैंडर्ड AES 256-bit GCM में अपडेट कर रही है। जो पुराने AES-256 ECB स्टैंडर्ड से बेहतर है। कंपनी का दावा है कि यह पहले से बेहतर सुरक्षा प्रदान करेगा।

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